Sunday, April 8, 2018

कमला टावर कानपुर और जेके परिवार

कानपुर शहर को बड़े उद्योगपति घराना सिंघानिया के लिए जाना जाता है। इस समूह का कानपुर में मुख्यालय है कमला टावर में। आज भी यह जेके समूह की कई कंपनियों का रजिस्टर्ड मुख्यालय है।
पुराने कानपुर के द्वारकाधीश रोड पर स्थित कमला टावर की आइकोनिक बिल्डिंग का निर्माण लाला कमलापत सिंघानिया ने करवाया था। बताया जाता है कि इसके निर्माण में लंदन के बिगबेन टावर से प्रेरणा ली गई थी। इसका निर्माण 1934 में पूरा हुआ। इसी कमला टावर के पास जेके समूह यानी सिंघानिया परिवार की पुश्तैनी कोठी स्थित है।

अगर हम यूं कहें कि कमला टावर उत्तर प्रदेश की औद्योगिक राजधानी की धुरी है तो गलत नहीं होगा। जुग्गीलाल कमलापति सिंहानिया के नाम पर जेके समूह नाम मिला।  मारवाड़ी बनिया समुदाय से आने वाले लाला जुग्गीलाल सिंघानिया और उनके पुत्र लाला कमलापत सिंघानिया ने 1920 के दशक में उद्योग जगत में अपना कदम रखा। उनका घराना 'जेके ग्रुप' के नाम से मशहूर हुआ। इस व्यावसायिक घराने ने सबसे पहले कपास मिलों की स्थापना की।
लाला जुग्गीलाल के बेटे कमलापत सिंघानिया का जन्म 7 नवंबर 1884 को हुआ था। उन्होने 1921 में जुग्गीलाल कमलपत कॉटन स्पिनिंग एंड विविंग मिल्स की स्थापना की। कमलापत सिंघानिया के तीन बेटे पदमपत , कैलाशपत और लक्ष्मीपत सिंघानिया हुए। इनमें बड़े बेटे पदमपत सिंघानिया हुए। उनके एक भाई कैलाशपत सिंघानिया हुए जो कपड़े के सम्मानित ब्रांड रेमंड समूह के स्वामी रहे। रेमंड ब्रांड की स्थापना 1925 में हुई थी। कैलाशपत सिंघानिया के बेटे विजयपत सिंघानिया हुए। विजयपत सिंघानिया के दो बेटे हैं मधुपत सिंघानिया और गौतम हरि सिंघानिया। रेमंड समूह को आजकल गौतम सिंघानिया देखते हैं।
कपड़ो के अलावा जेके समूह की और क्षेत्रों में भी दखल है। सीमेंट निर्माण में भी समूह की दखल है। किसी जमाने में कंपनी टायलेटरी सेक्टर में भी थी। वह प्रसिद्ध टीआरा शेंपू का निर्माण करती थी। पर अब जेके हेलेन कर्टज कंपनी बंद हो चुकी है।
तो कानपुर का कमला टावर देश के प्रसिद्ध उद्योग घराने जेके समूह के कामयाबी की दास्तां सुनाता है। अब कमला टावर कानपुर की पहचान बन चुका है। कमला टावर से इसके आसपास के स्थलों की पहचान होती है।  
कमला टावर के पास ही प्रसिद्ध कांच का मंदिर है जो जैन मंदिर है। जैन कांच मंदिर का निर्माण जैन समुदाय द्वारा उनके धर्म के 24 तीर्थंकरों की स्मृति में करवाया गया। इस मंदिर में भगवान् महावीर और तीर्थंकरों की मूर्तियां हैं। ये मूर्तियां एक विशाल छतरी के नीचे संगमरमर के मंच पर खड़ी हैं। वहीं कमला टावर के पास कान्हा जी का प्रसिद्ध द्वारकाधीश मंदिर भी स्थित है।
जेके परिवार की एक और नायाब कृति है कमला रिट्रीट। कमला रिट्रीट कानपुर एग्रीकल्चर कॉलेज के पश्चिम में स्थित है। इस खूबसूरत परिसर में एक स्वीमिंग पूल बना हुआ है, जहां कृत्रिम लहरें उत्पन्न की जाती है। यहां एक पार्क और नहर है। जहां चिड़ियाघर के समानांतर बोटिंग की सुविधा है। कमला रिट्रीट में एक संग्रहालय भी बना हुआ है जिसमें बहुत सी ऐतिहासिक और पुरातात्विक वस्तुओं का संग्रह देखा जा सकता है। हालांकि यहां आसानी से प्रवेश नहीं किया जा सकता। यहां जाने के लिए डिप्टी जनरल मैनेजर की अनुमति लेना अनिवार्य है।
-        विद्युत प्रकाश मौर्य- vidyutp@gmail.com
( JK GROUP, KAMLAPAT SINGHANIA, LALA JUGGILAL SINGHANIARAYMOND ) 



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