Monday, March 31, 2014

कोलकाता का ऐतिहासिक सत्यनारायण पार्क

कई दिनों तक कोलकाता के बड़ा बाजार इलाके में सत्यनारायण पार्क में रहने के बाद पता चला कि इस पार्क के नीचे एक अंडरग्राउंड बाजार है। दिल्ली के पालिका बाजार की तरह। ये दो मंजिला वातानुकूलित बाजार है। इसलिए इस पार्क का नाम सत्यनारायण पार्क एसी मार्केट रखा गया है। इस मार्केट में कपड़ों की और इलेक्ट्रानिक सामानों की दुकाने हैं। इस बाजार मे 200 से ज्यादा दुकाने हैं और ये कोलकाता वासियों का लोकप्रिय शापिंग सेंटर बन चुका है। यह कोलकाता के प्रसिद्ध एमजी रोड से लगा हुआ ही है। फिर हमने एक दिन पार्क के अंडरग्राउंड बाजार का मुआयना किया। बाद में पता चला कि आजादी के आंदोलन के समय सत्यनारायण पार्क क्रांतिकारी संगठनों की कई बड़ी बैठकों का साक्षी रहा है। कांग्रेस पार्टी की कई बैठकें इस पार्क में हो चुकी हैं। आजादी के बाद भी यहां राजनीतिक दलों की नुक्कड़ जनसभाएं होती रहती हैं। देश के तमाम बड़े नेता सत्यनारायण पार्क में रैलियों को संबोधित कर चुके हैं।

सत्यनारायण पार्क कोलकाता का मारवाडी इलाका है। बड़ा बाजार किसी जमाने में देश के सभी बड़े मारवाड़ी सेठों की गद्दियां इसी इलाके में हुआ करती थीं। बड़ा बाजार में कुल 25 कटरे हैं जो अपने के अनुरूप अलग अलग चीजों के व्यापार के लिए प्रसिद्ध हैं। जैसे फैंसी पट्टी, धोती पट्टी आदि। राजा कटरा का निर्माण बर्दवान के राजा ने करवाया था। इसके आसपास अमरतल्ला स्ट्रीट, कलाकार स्ट्रीट, जगमोहन मलिक लेन,  बड़तल्ला, काटन स्ट्रीट, जमनालाल बजार स्ट्रीट जैसी गलियां है। कविगुरु रविंद्रनाथ टैगोर का घर जोरासाकू में हुआ करता था। टैगोर बाड़ी भी इसके पास ही है। अब उनके घर में म्यूजियम बन गया है।


श्री सत्यनारायण मंदिर - 
सत्यनारायण पार्क के इलाके में कई हिंदू मंदिर भी हैं। इनमें सत्यनारायण मंदिर, लक्ष्मीनारायण मंदिर काफी प्रसिद्ध है। इस क्षेत्र में राधाकृष्ण मंदिर, हनुमान मंदिर जैसे कई और मंदिर हैं जो मारवाड़ी समाज द्वारा बनवाए गए हैं।
सत्यनारायण मंदिर में विष्णु और लक्ष्मी की चांदी की सुंदर प्रतिमा बनी है। साथ में सरस्वती भी विराज रही हैं। मंदिर में सालों भर त्योहारों के समय विशेष कार्यक्रम मनाए जाते हैं।
बड़ा बाजार के इस सत्यनारायण मंदिर के भक्तों ने फेसबुक पर एक कम्युनिटी भी बना ली है। इसमें वे मंदिर में होने वाले आयोजनों का अपडेट और तस्वीरें जारी करते रहते हैं। www.facebook.com/SriSriSatayanarayanBhagwanMandirBurrabazarKolkata
मंदिर में सावन महीने मे झूलनोत्सव तो दीपावली और वसंत पंचमी के त्योहार धूमधाम सेमनाए जाते हैं। मंदिर का फागुन में होली उत्सव तो अनूठा होता है। भक्त भगवान के साथ मिलकर होली के रंगों में डूब जाते हैं।
सत्याबाबा मां लक्ष्मी हिल मिल खेले होली... झूमे नाचे गाए भक्तों की टोली... मंदिर का फागुन महोत्सव सबसे बड़ा आयोजन होता है। तब मंदिर से विशाल शोभायात्रा निकाली जाती है जो हावड़ा में जाकर खत्म होती है।
-    विद्युत प्रकाश मौर्य
( SATYANARAYAN PARK, BARA BAZAR, KOLKATA ) 

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