Friday, January 3, 2014

पहाड़ियों से घिरा इंफाल शहर

 मणिपुर की राजधानी इंफाल चारों तरफ पहाड़ियों से घिरी है। पर इंफाल शहर समतल है। इसलिए यह देखने में किसी उत्तर भारत के परंपरागत शहर जैसा ही लगता है। मणिपुर का सरकारी रोडवेज नागालैंड की तरह काम नहीं करताइसलिए इंफाल में अलग जगहों पर जाने से लिए वाहन भी अलग अलग जगहों से मिलते हैं। यानी राजधानी में कोई केंद्रीयकृत बस स्टैंड नहीं है। मुझे अपने ठहरने और आगे के सफर का इंतजाम करने के बाद इंफाल घूमना था। नागालैंड की बस से उतरने के बाद अजनबी शहर में यूं ही आगे कदम बढ़ा देता हूं। रास्ते में कुछ लोगों से रास्ता पूछता हूं। पर जाना कहां है खुद ही नहीं मालूम है। थोड़ी दूर चलने पर आता है थांगल बाजार। हर जगह सेना, पुलिस, पारा मिलिट्री फोर्स के जवान गस्ती लगाते नजर आ रहे हैं। एक अजीब से खौफ में जीता हुआ शहर लगता है। ऐसा तो कोहिमा में नहीं था। 

शहर के व्यापारिक इलाके थांगल बाजार से घूमते हुए एमजी एवेन्यू पहुंचता हूं। एक होटल में जाकर बात करता हूं थोड़ा महंगा लगता है। तभी एक आटो वाले से मुलाकात होती है। वह मुझे एक होटल ले जाता है। यहां पर होटल ह्वाइट पैलेस है। मणिपुर का बेहतरीन बजट होटल। यहां बहुत अच्छा सिंगल बेड रूम मिल गया 250 रुपये में। 300 रुपये में डिलक्स सिंगल बेड था लेकिन वह खाली नहीं था। बड़ा हवादार कमरा अटैच टायलेट के साथ। रुम सर्विस के लिए फोन भी। एमजी एवेन्यू और थांगल बाजार शहर के हृदय स्थल में हैं। यहां कांगला फोर्ट, हाथी चौक जैसे प्रमुख बाजार आसपास में ही हैं। मुझे ऐसी ही जगह पर तो रहना था। मैनेजर जॉनसन का व्यवहार काफी अच्छा है।


इंफाल घूमने से पहले मुझे आगे की यात्रा का भी इंतजाम करना था। कुछ भोजपुरी भाई यहां भी सड़कों पर मिल गए। उन्होंने बताया कि सिलचर जाने के लिए हाथी चौक के पास जिरी पार्किंग से आपको टैक्सियां मिलेंगी। ये टैक्सियां सुबह में ही चलती हैं। मैंने जिरी पार्किंग जाकर सबसे पहले टैक्सी में सीट बुक करा ली। अब मैं घूमने के लिए निश्चिंत था। हां, होटल बुक करने से पहले ही एक आटो रिक्शा वाले फिरोज ( 8413 950988 ) मिल गए थे। जो मुझे पूरा शहर दिन भर घुमाने को तैयार हो गए।

 इंफाल गुवाहाटी जैसा ही व्यस्त शहर है। मुख्य बाजारों में उत्तर भारत के शहरों जैसी ही भीड़भाड़ दिखाई देती है। समतल शहर होने के कारण आटोरिक्शा और शेयरिंग टाटा मैजिक और सिटी बसें भी चलती हैं।

नागालैंड का कोहिमा शहर शाम को 5 बजे पूरी तरह बंद हो जाता था पर यहां हालात थोड़े बेहतर हैं। इंफाल शहर की डेडलाइन शाम के साढ़े छह बजे तक है। वैसे खाने पीने के होटल आठ बजे तक भी खुले दिखाई दे जाते हैं।वैसे इस शहर की भी कोई नाइट लाइफ नहीं है।यहां रहने के लिए बजट होटल के साथ ही कई लग्जरी होटल भी हैं।

-    विद्युत प्रकाश मौर्य 
(MANIPUR, IMPHAL, WHITE PALACE HOTEL) 

-    होटल ह्वाइट पैलेस, 113 एमजी एवेन्यू, इंफाल

-    0385-2452366 जॉनसन (मैनेजर) - 97741-78956

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