Sunday, December 8, 2013

अप्रतिम सौंदर्य है बराक घाटी में

लोअर हाफलौंग रेलवे स्टेशन, सुबह हमारी ट्रेन यहां रूकी।  
 असम का बराक घाटी इलाका प्रकृति का अनुपम सौंदर्य स्वयं में समाहित किए हुए है। बराक घाटी की बात करें तो इसमें कछार करीमगंज और हेलाकांडी जिले आते हैं। ये हिस्से आमतौर पर बंग्लाभाषी है। कछार मतलब सिलचर जिला और नार्थ कछार हिल्स का नया नाम डीमा हसाओ जिला। डीमा हसाओ का पुराना नाम नार्थ कछार हिल्स है। कछार का एक हिस्सा हिस्सा सिलचर का है तो दूसरा डिमा हसाओ का है। वहीं हेलाकांडी जिले की गिनती असम के सबसे गरीब क्षेत्रों में की जाती है। यहां हरियाली के बीच गरीबी का आलम है। वहीं करीमगंज जिला बांग्लादेश से लगा हुआ है। यहां से बांग्लादेश का सिलहट इलाका सामने है। करीमगंज से होकर अभी भी बांग्लादेश के साथ व्यापार होता है।


जब आप लमडिंग से बराक घाटी वाली ट्रेन में सवार होते हैं तो ट्रेन लगातार घाटियों से होकर हौले-हौले गुजरती है। रास्ते में बांस के बड़े बडे ढेर दिखाई देते हैं जो पेपर मिलों के ले जाए जा रहे हैं। रेलगाड़ी की खिड़की से एक तरफ ऊंचे पहाड़ तो दूसरी तरफ गहरी घाटी दिखाई देती है। ट्रेन एक सुरंग से निकलती है तो दूसरे सुरंग में बलखाती हुई घुस जाती है। लोअर हाफलौंग बराक घाटी के मध्य का स्टेशन है। स्टेशन के पास बराक नदी पर डैम बनाया गया है। मीटरगेज को ब्राडगेज में बदलने के दौरान नदियों पर नए पुल बनाए जा रहे हैं। दयांग नदी पर काफी ऊंचा पुल बनाया गया है।
बराक घाटी में रुकी अगरतला लमडिंग एक्सप्रेस।
बराक घाटी में जतिंगा में बर्ड सेंक्चुरी है। पक्षी प्रेमी यहां पक्षियों को निहारने के लिए आते हैं। डिमा हसाओ जिले मे माइबंग और हाफलौंग दो सब डिविजन (उपजिला) हैं। माइबंग में माहुर नदी है।

पूरा डिमा हसाओ जिला आदिवासी बहुल है। यहां कई तरह के आदिवासी समुदाय के लोग निवास करते हैं। इस जिले में कार्बी, कूकी, हमर, डिमासा और जेमेनागा जैसे आदिवासी रहते हैं। पहाड़ी इलाका होने के कारण जिले में ज्यादातर झूम खेती की जाती है।

बराक घाटी के सौंदर्य पर देश विदेश के सैलानियों की ज्यादा नजर नहीं पड़ी है। असम सरकार का पर्यटन विभाग थोड़ा ध्यान दे तो इस क्षेत्र में बड़ी संख्या में सैलानियों को आकर्षित किया जा सकता है। हाफलौंग शहर की गिनती देश के ऐसे हिल स्टेशन में की जाती है जहां स्वास्थ्य लाभ के लिए वक्त गुजारा जा सकता है।
-    -      विद्युत प्रकाश मौर्य

( बराक वैली एक्सप्रेस , Barak Valley Express-3


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