Saturday, August 24, 2013

महंगे प्याज का विकल्प भी है...


प्याज महंगा हो तो घबराने की कोई बात नहीं। आप बिना प्याज के भी अपनी रसोई में अच्छी सब्जियां बना सकते हैं। वैसे शास्त्रों में प्याज को अच्छा भोजन नहीं माना गया है। जैन और वैष्णव विचारधारा के लोग प्याज नहीं खाते। वे इसे उत्तेजना और अज्ञानता बढ़ाने वाला मानते हैं। आज भी देश के लाखों घरों में बिना प्याज के सब्जियां बनती हैं। उनका स्वाद कत्तई कम नहीं होता। तो आप बिना प्याज के भी अपनी सब्जी को स्वादिष्ट बना सकते हैं। 

तो ऐसे बनाएं बिना प्याज की सब्जी....

-    - सब्जी में गाढ़े दही का इस्तेमाल करें

-    - मूंगफली के पेस्ट का भी इस्तेमाल किया जा सकता है।

-    - सब्जी में ग्रेवी के लिए आटे को भूनकर इसमें टमाटर मिला लें।

-    - सब्जियां सरसों के आधार पर बनाई जा सकती हैं।

-    - सब्जी में ग्रेवी के लिए आप सत्तू या बेसन दो-तीन चम्मच डाल सकते हैं।




वैसे प्याज को मानव शरीर के लिए जहरीला अवयव माना गया है। तभी तो आपका शरीर प्याज को स्वीकार नहीं करता। जब आप प्याज काटने लगते हैं तो आंखों में आंसू आ जाते हैं। प्याज, बैंगन, हींग जैसी चीजें त्याज्य मानी गई हैं। क्या आपको पता है कानपुर समेत कई शहरों के परंपरागत ब्राह्मण परिवारों में आज भी रसोई घर में प्याज वर्जित है। देश के तमाम वैष्णव और जैन भोजनालयों में बिना लहसुन प्याज वाली थाली पेश की जाती है।




हालांकि देश में प्याज हर राज्य में होता है पर महाराष्ट्र प्याज का बड़ा उत्पादक राज्य है। नासिक के पास एशिया में प्याज की सबसे बड़ी मंडी लासलगांव है। कभी खबर पढ़ने में आती है कि लासलगांव में सट्टेबाजी बढ़ने से दो दिनों में प्याज के दाम 75 प्रतिशत तक बढ़ गए हैं। तो कभी ये खबर आती है कि एशिया की सबसे बड़ी प्याज मंडी लासलगांव में कारोबारियों की हड़ताल से किसानों की कमर टूट गई है। पैदावार सड़ रही है, कीमत मिल नहीं रही। ऐसे में वे प्याज बेचने के बजाए फेंकने को मजबूर हैं क्योंकि बिक्री से लागत निकालना भी मुश्किल हो रहा है। पर हर साल सितंबर अक्तूबर में प्याज के भाव आसमान छूने लगते हैं।
 - विद्युत प्रकाश मौर्य


(ONION, VEGETABLE, THALI, FOOD, VAISHNVA, JAIN ) 


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